Babul Ka Ghar Chhod Lyrics From Rakhi (1949) [English Translation]

Babul Ka Ghar Chhod Lyrics From Rakhi (1949) [English Translation]

Babul Ka Ghar Chhod Lyrics: Presenting the old Hindi song ‘Babul Ka Ghar Chhod’ from the Bollywood movie ‘Rakhi’ in the voice of Lata Mangeshkar. The song lyrics were written by Sarshar Sailani while the music is composed by Bhagatram Batish and Husnlal Batish. It was released in 1949 on behalf of Saregama.

The Music Video Features Pran.

Artist: Lata Mangeshkar

Lyrics: Sarshar Sailani

Composed: Bhagatram Batish, Husnlal Batish

Movie/Album: Rakhi (1949)

Length: 3:01

Released: 1949

Label: Saregama

Babul Ka Ghar Chhod Lyrics

बाबुल का घर छोड़ के
गोरी हो गयी आज परै रे
डोली देख जियरा डोले आँख
नीर भर लायी रे

प्यारी जग की रीत ऋ सखियो
कौन किसी का मीट ऋ सखियो
प्यारी जग की रीत ऋ सखियो
कौन किसी का मीट ऋ सखियो
झूठी सब की प्रीत सखियो
किसने प्रीत निभायी रे
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
हो गयी आज परै रे
डोली देख जियरा डोले आँख
नीर भर लायी रे

जिन गलियों में बचपन बीता
खोली आँख जवानी ने
उन गलियों से किया किनारा
सखियो की पटरानी ने
भैया का मन भर भर आये
छोड़ चली माँ जाई रे
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
हो गयी आज परै रे
डोली देख जियरा डोले आँख
नीर भर लायी रे

खेत क्यार में खो कर गोरी
हमको भूल न जाना
रोज़ नहीं तो कभी कभी
दो अक्सर लिख भिजवाना
धीरे धीरे मधुर सुरा में
यही कहे सहनाई रे
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
हो गयी आज परै रे
डोली देख जियरा डोले आँख
नीर भर लायी रे
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
हो गयी आज परै रे
डोली देख जियरा डोले आँख
नीर भर लायी रे.

Screenshot of Babul Ka Ghar Chhod Lyrics

Babul Ka Ghar Chhod Lyrics English Translation

बाबुल का घर छोड़ के
leaving the house of babylon
गोरी हो गयी आज परै रे
Got fair today
डोली देख जियरा डोले आँख
doli dekh jiara dole aankh
नीर भर लायी रे
brought water
प्यारी जग की रीत ऋ सखियो
dear friends of the world
कौन किसी का मीट ऋ सखियो
Who is someone’s friend
प्यारी जग की रीत ऋ सखियो
dear friends of the world
कौन किसी का मीट ऋ सखियो
Who is someone’s friend
झूठी सब की प्रीत सखियो
false love of all friends
किसने प्रीत निभायी रे
who played love
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
Ghori leaving the house of Babylon
हो गयी आज परै रे
today is a stranger
डोली देख जियरा डोले आँख
doli dekh jiara dole aankh
नीर भर लायी रे
brought water
जिन गलियों में बचपन बीता
the streets where childhood was spent
खोली आँख जवानी ने
opened the eyes of youth
उन गलियों से किया किनारा
bypassed those streets
सखियो की पटरानी ने
queen of friends
भैया का मन भर भर आये
Brother’s heart is full
छोड़ चली माँ जाई रे
leave me mother go
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
Ghori leaving the house of Babylon
हो गयी आज परै रे
today is a stranger
डोली देख जियरा डोले आँख
doli dekh jiara dole aankh
नीर भर लायी रे
brought water
खेत क्यार में खो कर गोरी
lost in the fields
हमको भूल न जाना
don’t forget us
रोज़ नहीं तो कभी कभी
sometimes if not everyday
दो अक्सर लिख भिजवाना
write two more times
धीरे धीरे मधुर सुरा में
slowly in a sweet tone
यही कहे सहनाई रे
say this sahnai re
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
Ghori leaving the house of Babylon
हो गयी आज परै रे
today is a stranger
डोली देख जियरा डोले आँख
doli dekh jiara dole aankh
नीर भर लायी रे
brought water
बाबुल का घर छोड़ के गोरी
Ghori leaving the house of Babylon
हो गयी आज परै रे
today is a stranger
डोली देख जियरा डोले आँख
doli dekh jiara dole aankh
नीर भर लायी रे.
You brought water.

https://www.youtube.com/watch?v=G8lxAECks0U


Leave a Comment